अहमदाबाद न्यूज डेस्क: अहमदाबाद के सोला क्षेत्र स्थित आकांक्षा अपार्टमेंट में दूषित पेयजल पीने के कारण बड़ी संख्या में लोगों के बीमार पड़ने का मामला सामने आया है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, नर्मदा जल आपूर्ति में सीवेज का पानी मिलने से लोगों को डायरिया, उल्टी और पेट संबंधी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, 500 से अधिक लोग इसकी चपेट में आ चुके हैं, जबकि पिछले कुछ दिनों में कई परिवारों के सदस्य एक के बाद एक बीमार हुए हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और अहमदाबाद के मेयर से फोन पर बातचीत कर स्थिति की जानकारी ली। इसके बाद प्रशासन ने प्रभावित इलाकों में राहत और नियंत्रण कार्य तेज कर दिए हैं। स्वास्थ्य विभाग की करीब 40 टीमें घर-घर जाकर सर्वे कर रही हैं और मरीजों की पहचान कर आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है।
अहमदाबाद नगर निगम (AMC) ने प्रभावित सोसाइटियों में अंडरग्राउंड पानी के टैंकों की जांच और सफाई का अभियान शुरू किया है। साथ ही, टैंकरों के माध्यम से स्वच्छ पेयजल की आपूर्ति की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से क्लोरीन की गोलियां भी वितरित की गई हैं ताकि संक्रमण को फैलने से रोका जा सके। मेडिकल टीमों ने इलाके से पानी के नमूने भी एकत्र किए हैं, जिनकी जांच की जा रही है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से गंदे पानी की समस्या बनी हुई थी और कई शिकायतों के बावजूद समय पर कार्रवाई नहीं की गई। अधिकारियों के अनुसार, गोटा वार्ड की कुछ सोसाइटियों में पाइपलाइन मरम्मत कार्य के दौरान पेयजल लाइन में दूषित पानी मिलने से यह स्थिति उत्पन्न हुई। प्रशासन का कहना है कि महामारी जैसी स्थिति को नियंत्रित करने और नागरिकों को सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने के लिए युद्धस्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं।