अहमदाबाद न्यूज डेस्क: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट मुंबई-अहमदाबाद हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर में एक और अहम उपलब्धि हासिल की गई है। अहमदाबाद के साबरमती में 1,640 मीट्रिक टन वजन वाले 13वें और सबसे भारी पोर्टल बीम को सफलतापूर्वक स्थापित कर दिया गया है। बुलेट ट्रेन साबरमती मल्टी मॉडल हब से शुरू होकर मुंबई के बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स (बीकेसी) तक चलेगी।
अहमदाबाद में करीब 18 किलोमीटर लंबा बुलेट ट्रेन वायाडक्ट बनाया जा रहा है, जो मौजूदा व्यस्त रेलवे लाइनों को एलिवेटेड स्तर पर पार करेगा। इन रेलवे क्रॉसिंग्स के लिए विशेष रूप से 13 भारी पोर्टल बीम डिजाइन किए गए हैं। इनमें मणिनगर में मुंबई-अहमदाबाद मुख्य रेलवे लाइन पर पांच, वाटवा में सात और साबरमती में अहमदाबाद-दिल्ली मुख्य रेलवे लाइन पर एक पोर्टल बीम स्थापित किया गया है।
अंतिम प्रीकास्ट-प्रेस्ट्रेस्ड पोर्टल बीम की लंबाई 34.5 मीटर और क्रॉस-सेक्शन 5.5 मीटर × 4.5 मीटर है, जो इस परियोजना में इस्तेमाल किए गए सबसे बड़े प्रीकास्ट बीमों में से एक है। इस विशाल बीम को 2,200 मीट्रिक टन क्षमता वाली क्रॉलर क्रेन की मदद से महज तीन घंटे में स्थापित कर दिया गया। खास बात यह रही कि पूरी प्रक्रिया के दौरान रेलवे परिचालन बिना किसी बाधा के सुरक्षित रूप से जारी रहा।
नेशनल हाई स्पीड रेल कॉरपोरेशन लिमिटेड (NHSRCL) के अनुसार, सभी 13 भारी पोर्टल बीमों की सफल स्थापना भारत की पहली हाई-स्पीड रेल परियोजना में इस्तेमाल की जा रही अत्याधुनिक इंजीनियरिंग और सटीक योजना का उदाहरण है। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुलेट ट्रेन के संचालन की संभावित तारीख 15 अगस्त, 2027 तय की है, जबकि गुजरात में 2026 के अंत तक इसके ट्रायल शुरू होने की उम्मीद जताई जा रही है।