अहमदाबाद न्यूज डेस्क: भगवान श्री जगन्नाथ की 149वीं ऐतिहासिक और पारंपरिक रथ यात्रा 16 जुलाई को अहमदाबाद के श्री जगन्नाथ मंदिर से निकलेगी। पुलिस प्रशासन ने रथ यात्रा को अनुमति दे दी है और इस बार भी यह अपने पारंपरिक मार्ग से ही निकाली जाएगी। हर साल की तरह इस बार भी लाखों श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है।
रथ यात्रा की शुरुआत 18 सजे-धजे हाथियों से होगी। इसके बाद 101 भव्य झांकियां, 30 अखाड़ा मंडलियां, 18 भजन मंडलियां और 3 बैंड दल यात्रा का हिस्सा बनेंगे। भगवान श्री जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा के रथों को करीब 1,000 से 1,200 श्रद्धालु खींचेंगे। हरिद्वार, अयोध्या, नासिक, उज्जैन, जगन्नाथ पुरी और सौराष्ट्र समेत देशभर से करीब 2,500 संत-महात्मा भी यात्रा में शामिल होंगे।
मुख्यमंत्री भूपेंद्रभाई पटेल पारंपरिक 'पहिंद विधि' के साथ रथ यात्रा की शुरुआत करेंगे। सुबह मंगला आरती के बाद आदिवासी नृत्य, रास और गरबा जैसे सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। श्रद्धालुओं के लिए बड़े स्तर पर प्रसाद की व्यवस्था की गई है। मंदिर प्रशासन के अनुसार इस बार 45 हजार किलोग्राम मगवॉर्ट, 500-500 किलोग्राम जामुन और आम, 400 किलोग्राम खीरा, अनार और भगवान को दो लाख उपरना अर्पित किए जाएंगे।
रथ यात्रा से पहले 14 और 15 जुलाई को मंदिर परिसर में कई धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। 14 जुलाई को नेत्रोत्सव पूजा, ध्वजारोहण और संत सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा। वहीं 15 जुलाई को भगवान के स्वर्ण वेश के दर्शन, रथ पूजन और गजराजों की विशेष पूजा होगी। शाम को मुख्यमंत्री भूपेंद्रभाई पटेल भगवान की विशेष पूजा और आरती करेंगे। प्रशासन और मंदिर ट्रस्ट ने रथ यात्रा के शांतिपूर्ण और सुरक्षित आयोजन के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।