अहमदाबाद न्यूज डेस्क: अहमदाबाद के सरखेज इलाके में 28 वर्षीय मोबाइल एक्सेसरीज़ कारोबारी सुरेश सिंह की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने दो लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। मृतक के छोटे भाई ने आरोप लगाया है कि लगातार पैसों की मांग और मानसिक प्रताड़ना से परेशान होकर सुरेश ने आत्महत्या कर ली।
सुरेश सिंह का शव 3 अगस्त की सुबह द्वारकेशनगर सोसाइटी स्थित उनके किराए के कमरे में फंदे से लटका मिला। मामले में उनके छोटे भाई तेजपाल सिंह पुरोहित ने शिकायत दर्ज कराई है। उनका आरोप है कि सुरेश अपने पूर्व कारोबारी साझेदारों के साथ पैसों के विवाद के कारण लंबे समय से मानसिक तनाव में थे।
शिकायत के अनुसार, सुरेश ने अक्टूबर 2025 में राहुल प्रजापति और कालूभाई प्रजापति के साथ उजाला सर्किल के पास मोबाइल मनी ट्रांसफर का कारोबार शुरू किया था। करीब छह महीने बाद साझेदारी में विवाद हो गया। आरोप है कि दोनों साझेदारों ने सुरेश को कारोबार से अलग कर दिया, मुनाफे का हिस्सा नहीं दिया और लगातार पैसों की मांग करते रहे।
परिजनों का कहना है कि आरोपियों ने कई बार सुरेश को फोन कर और मिलकर कथित तौर पर पैसे लौटाने का दबाव बनाया। घटना से कुछ दिन पहले एक आरोपी ने कथित रूप से धमकी दी थी कि अगर पैसे नहीं दिए गए तो उसका मोबाइल एक्सेसरीज़ का ठेला भी कब्जे में ले लिया जाएगा। लगातार हो रही इस कथित प्रताड़ना से सुरेश मानसिक रूप से परेशान थे।
2 अगस्त को सुरेश दुकान से यह कहकर निकले कि वह थोड़ी देर में लौटेंगे, लेकिन वापस नहीं आए। अगले दिन मकान मालिक ने कमरे का दरवाजा बंद देखकर परिवार को सूचना दी। पुलिस ने दरवाजा तोड़कर अंदर प्रवेश किया, जहां सुरेश का शव फंदे से लटका मिला।
परिजनों का दावा है कि घटना के बाद सुरेश का व्हाट्सएप स्टेटस देखने पर सुबह करीब 4:18 बजे लगाया गया एक संदेश मिला, जिसमें एक आरोपी की तस्वीर के साथ दोनों पर लगातार पैसों की मांग और मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाया गया था। पुलिस अब इस व्हाट्सएप स्टेटस समेत अन्य डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच कर रही है।
सरखेज पुलिस ने राहुल प्रजापति और कालूभाई प्रजापति के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस वित्तीय लेन-देन, कारोबारी विवाद और डिजिटल सबूतों की जांच कर रही है ताकि मौत की परिस्थितियों का पता लगाया जा सके।