अहमदाबाद न्यूज डेस्क: अहमदाबाद की क्राइम ब्रांच ने एक बड़ी ठगी के गिरोह का पर्दाफाश किया है, जिसमें आरोपियों ने सिक्योरिटी टेस्टिंग सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करके ई-कॉमर्स और पेमेंट गेटवे वेबसाइट्स को हैक किया। आरोपियों ने इन वेबसाइट्स से सस्ते में उत्पाद खरीदकर और नकली उत्पाद प्राप्त करके व्यापारी कंपनियों को ठगा। क्राइम ब्रांच ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें विजय वाघेला, नितेश मडता, और आदिल परमार शामिल हैं।
पूछताछ में यह सामने आया कि आरोपी ऑनलाइन कसीनो और सट्टा बेटिंग वेबसाइट्स का इस्तेमाल करते हुए जुआ खेलते थे। जब पुलिस ने उनकी जांच की, तो एक ठगी का बड़ा घोटाला उजागर हुआ। आरोपियों ने फ्री में मिलने वाले डिबगिंग सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करते हुए ई-कॉमर्स और कसीनो वेबसाइट्स को हैक किया। इसके बाद वे वेबसाइट्स की पेमेंट गेटवे प्रक्रिया में छेड़छाड़ कर उत्पादों को सस्ते में हासिल करते थे और उन्हें बेचकर पैसे कमाते थे।
जानकारी के अनुसार, विजय वाघेला सर्च इंजन से डिबगिंग सॉफ्टवेयर प्राप्त करता था और वेबसाइट्स पर बग हंटिंग करता था, जिससे वह इन वेबसाइट्स को हैक कर ऑर्डर प्लेस करता था। नितेश मडता इन सस्ते उत्पादों को बेचकर पैसे कमाता था, जबकि आदिल ऑनलाइन सट्टा वेबसाइट्स पर प्राइज प्रेडिक्शन कर जुआ खेलता था और इससे भी पैसे कमाता था।
अब तक इस गिरोह ने लगभग 7 करोड़ रुपये की ठगी की है। क्राइम ब्रांच ने इन आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर लिया है और आगे की जांच जारी है।