ताजा खबर
"रणदीप हुड्डा की भावुक श्रद्धांजलि: सरबजीत सिंह की पुण्यतिथि पर दिल छूने वाला संदेश"   ||    बेल्लमकोंडा श्रीनिवास ने अपनी पत्नी काव्या के लिए किया रोमांटिक खुलासा, कैप्शन बना सोशल मीडिया पर हि...   ||    'बंदर' की स्क्रीनिंग: बॉबी देओल और निखिल द्विवेदी की मौजूदगी ने बढ़ाई फ़िल्म की उम्मीदें"   ||    'पति पत्नी और वो दो का ट्रेलर रिलीज हुआ   ||    सावधान! आपकी रोजाना की बाइक राइड चुपचाप बढ़ा रही है आपकी उम्र नजरअंदाज न करें ये बड़ा कारण   ||    जब मस्तिष्क को न मिले पर्याप्त ऊर्जा जानिए ग्लूकोज की कमी के शुरुआती संकेत और खतरे   ||    लुप्तप्राय पीकॉक टैरंटुला मकड़ी को बचाने के लिए शुरू हुआ विशेष सर्वेक्षण पवन कल्याण ने बताया पूर्वी ...   ||    ओपनएआई (OpenAI) और AGI: सैम ऑल्टमैन का नया दृष्टिकोण   ||    उबर का बड़ा धमाका अब ऐप से बुक होंगे होटल, AI वॉइस कमांड से मिलेगी टैक्सी   ||    रोजाना 80 ग्राम प्रोटीन कैसे प्राप्त करें आसान इंडियन मील प्लान   ||   

दिल्ली-NCR में बढ़ते प्रदूषण पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, CAQM से मांगा विस्तृत हलफनामा, जानिए पूरा मामला

Photo Source :

Posted On:Monday, November 3, 2025

मुंबई, 03 नवम्बर, (न्यूज़ हेल्पलाइन)। दिल्ली-NCR में लगातार बढ़ते वायु प्रदूषण को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को कड़ी नाराजगी जताई। अदालत ने वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) को निर्देश दिया है कि वह हलफनामा दाखिल कर यह बताए कि प्रदूषण के गंभीर स्तर तक पहुंचने से पहले कौन-कौन से कदम उठाए गए हैं। मुख्य न्यायाधीश बीआर गवई और न्यायमूर्ति के. विनोद चंद्रन की पीठ एमसी मेहता मामले की सुनवाई कर रही थी। सुनवाई के दौरान सीनियर एडवोकेट और न्यायमित्र अपराजिता सिंह ने अदालत को बताया कि दिवाली के दिन दिल्ली में 37 में से केवल 9 एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशन ही लगातार काम कर रहे थे। उन्होंने कहा कि अगर मॉनिटरिंग सिस्टम ही सही तरीके से काम नहीं करेगा तो यह कैसे पता चलेगा कि ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) कब लागू करना है। उन्होंने कोर्ट से आग्रह किया कि CAQM को स्पष्ट डेटा और ठोस एक्शन प्लान पेश करने का आदेश दिया जाए।

कोर्ट ने इस पर कहा कि प्रशासनिक एजेंसियां प्रदूषण के गंभीर स्तर तक पहुंचने का इंतजार न करें, बल्कि समय रहते प्रभावी कदम उठाएं। इस पर CAQM की ओर से पेश वकील ने बताया कि मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) की है। वहीं, अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल ऐश्वर्या भाटी ने अदालत को भरोसा दिलाया कि सभी एजेंसियां अपनी रिपोर्ट जल्द ही दाखिल करेंगी। दिवाली के बाद दिल्ली की हवा एक बार फिर बेहद जहरीली हो गई। CPCB के आंकड़ों के अनुसार, दिवाली के बाद के 24 घंटों में हवा में मौजूद सूक्ष्म कण यानी PM2.5 का स्तर 488 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर तक पहुंच गया, जबकि त्योहार से पहले यह स्तर 156.6 माइक्रोग्राम था। यह बीते पांच सालों में सबसे अधिक दर्ज किया गया स्तर है। पिछले वर्षों में दिवाली के बाद PM2.5 स्तर 2021 में 454.5, 2022 में 168, 2023 में 319.7 और 2024 में 220 माइक्रोग्राम प्रति क्यूबिक मीटर रहा था।

सुप्रीम कोर्ट ने 15 अक्टूबर को दिल्ली-NCR में दिवाली के दौरान सीमित मात्रा में ग्रीन पटाखों की बिक्री और उपयोग की अनुमति दी थी, लेकिन आदेश के बावजूद लोगों ने पूरी रात आतिशबाजी की। इसके नतीजे में दिवाली की अगली सुबह हवा की गुणवत्ता बेहद खराब श्रेणी में पहुंच गई। CPCB के अनुसार, द्वारका में एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 417, अशोक विहार में 404, वजीरपुर में 423 और आनंद विहार में 404 तक दर्ज किया गया।


अहमदाबाद और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. ahmedabadvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.