मुंबई, 6 मई, (न्यूज़ हेल्पलाइन) जलवायु परिवर्तन और ग्लोबल वार्मिंग के दौर में दुनिया के कुछ देश पर्यावरण संरक्षण और सस्टेनेबिलिटी (Sustainability) के मामले में बाकी दुनिया के लिए प्रेरणा बन गए हैं। एक हालिया रिपोर्ट में दुनिया के उन 7 सबसे 'हरे-भरे' देशों की सूची साझा की गई है, जो प्रकृति को बचाने और प्रदूषण कम करने में सबसे आगे हैं।
ये हैं दुनिया के शीर्ष 7 पर्यावरण-अनुकूल देश:
डेनमार्क (Denmark):
नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) के मामले में डेनमार्क दुनिया का नेतृत्व कर रहा है। यहाँ की सौर और पवन ऊर्जा नीतियां बेहद प्रभावी हैं और यह देश कार्बन उत्सर्जन कम करने में नंबर एक पर है।
लक्ज़मबर्ग (Luxembourg):
छोटे आकार के बावजूद, लक्ज़मबर्ग ने कचरा प्रबंधन और जैव विविधता के संरक्षण में बड़े मानक स्थापित किए हैं। यहाँ सार्वजनिक परिवहन को मुफ्त करना पर्यावरण की दिशा में एक बड़ा कदम रहा है।
स्विस (Switzerland):
स्विट्जरलैंड अपनी स्वच्छता और सख्त कचरा रीसाइक्लिंग नियमों के लिए प्रसिद्ध है। यहाँ के जल संसाधनों का प्रबंधन और जंगलों का संरक्षण इसे एक 'ग्रीन' राष्ट्र बनाता है।
यूनाइटेड किंगडम (United Kingdom):
यूके ने हाल के वर्षों में कोयले पर अपनी निर्भरता कम करने और समुद्री पवन फार्मों (Offshore Wind Farms) को बढ़ावा देने में काफी सफलता हासिल की है।
फ्रांस (France):
अपनी 'ग्रीन' ऊर्जा नीतियों और खाद्य अपशिष्ट (Food Waste) के खिलाफ सख्त कानूनों के कारण फ्रांस इस सूची में शामिल है। फ्रांस ने टिकाऊ खेती को भी काफी बढ़ावा दिया है।
ऑस्ट्रिया (Austria):
ऑस्ट्रिया अपनी जैविक खेती (Organic Farming) और स्वच्छ ऊर्जा स्रोतों के उपयोग के लिए जाना जाता है। यहाँ के शहरों में हरित क्षेत्रों (Green Spaces) का विशेष ध्यान रखा जाता है।
फिनलैंड (Finland):
अपनी स्वच्छ हवा और पानी के लिए प्रसिद्ध फिनलैंड ने 2035 तक पूरी तरह से 'कार्बन न्यूट्रल' होने का लक्ष्य रखा है, जो इसे सबसे सुरक्षित और हरा-भरा देश बनाता है।
इन देशों की सफलता का मुख्य कारण वहां की सरकार द्वारा बनाए गए सख्त कानून और आम जनता की पर्यावरण के प्रति जागरूकता है। सस्टेनेबल टूरिज्म और स्वच्छ ऊर्जा का उपयोग इन राष्ट्रों को भविष्य के लिए तैयार कर रहा है।