ताजा खबर
ग्लोबल सिटीज इंडेक्स में अहमदाबाद 571वें स्थान पर, अर्थव्यवस्था में बेहतर लेकिन पर्यावरण-जीवन स्तर म...   ||    हिसार से जम्मू और अहमदाबाद के लिए शुरू होगी सीधी उड़ान, 27 अक्टूबर से सेवा शुरू होने की उम्मीद   ||    भगवंत मान सरकार का बड़ा फैसला: पंजाब के 8 लाख कर्मचारियों और पेंशनर्स का डीए 8% बढ़ा   ||    नंदीग्राम उपचुनाव में ममता बनर्जी का कांग्रेस उम्मीदवार को समर्थन, गिरफ्तारी के बाद बंगाल की सियासत ...   ||    उत्तर कोरिया के परमाणु परीक्षणों का साइड इफेक्ट: माउंट मंटाप के नीचे तेजी से बढ़ रहे हैं भूकंप, वैज्...   ||    चंडीगढ़ में अनोखा 'आईफोन लंगर': फ्री में मिलेगा आईफोन, जानें क्या है पूरा प्लान   ||    टाटा सन्स की शेयर बाजार में लिस्टिंग और टाटा ग्रुप के शेयरों में हलचल   ||    म्यूचुअल फंड्स की पसंद: जिन शेयरों ने दिया जबरदस्त रिटर्न   ||    ‘हनुमान अंश’ के बाद विशाल चतुर्वेदी लाएंगे ‘राम बोला’, तुलसीदास की जीवनगाथा पर होगी अगली फिल्म   ||    ‘गोलमाल 5’ की रिलीज डेट का ऐलान, 8 जनवरी 2027 को फिर मचेगा हंसी का धमाल   ||   

हनूर गोलीबारी प्रकरण पर कर्नाटक विधानमंडल में भारी हंगामा: विपक्ष ने की उच्च स्तरीय न्यायिक जांच की मांग, सरकार का आत्मरक्षा का दावा

Photo Source :

Posted On:Tuesday, August 18, 2026

बेंगलुरु: कर्नाटक के कावेरी वन्यजीव प्रभाग के हनूर जंगल में हुई भीषण गोलीबारी की घटना, जिसमें तीन लोगों की जान चली गई, सोमवार को राज्य विधानमंडल के दोनों सदनों में राजनीतिक घमासान का केंद्र बन गई। विधानसभा और विधान परिषद में विपक्ष ने राज्य सरकार को घेरते हुए उच्च न्यायालय के वर्तमान न्यायाधीश की अध्यक्षता में मामले की न्यायिक जांच कराने तथा मृतकों के परिजनों के लिए ₹1 करोड़ के मुआवजे की मांग रखी। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष आर. अशोक ने इस घटना की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए संबंधित मंत्री के इस्तीफे की मांग की, जबकि विधान परिषद में जेडीएस और भाजपा नेताओं ने आत्मरक्षा के सरकारी दावे पर सवाल उठाते हुए कहा कि मृतकों को शरीर के ऊपरी हिस्सों में गोलियां लगी हैं।

विपक्ष के तीखे हमलों का जवाब देते हुए राज्य के वरिष्ठ मंत्री रामलिंगा रेड्डी ने सरकार का पक्ष स्पष्ट किया। उन्होंने बताया कि 14 अगस्त की रात हनूर वन्यजीव क्षेत्र में शिकारियों की अवैध घुसपैठ की गुप्त सूचना मिलने के बाद 12 वनकर्मियों की विशेष टीमों को तैनात किया गया था। 15 अगस्त की तड़के करडीकल्लू के घने जंगलों में जब वनकर्मियों ने तलाशी अभियान चलाया, तो वहां मौजूद संदिग्धों ने समर्पित हथियारों से टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। मंत्री के अनुसार, आत्मसमर्पण की चेतावनियों को नजरअंदाज किए जाने पर वन रेंजर और टीम ने आत्मरक्षा तथा सरकारी संपत्ति की सुरक्षा में जवाबी कार्रवाई की।

정부(정부) पक्ष ने इस तर्क को खारिज कर दिया कि मृत व्यक्ति केवल अपने गुमशुदा मवेशियों की तलाश में जंगल गए थे। घटनास्थल से दो असॉल्ट राइफलें, 38 जीवंत कारतूस, धारदार हथियार और 34 किलोग्राम से अधिक संदिग्ध वन्यजीव मांस बरामद किया गया है। सरकार ने मामले की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दे दिए हैं और आश्वासन दिया है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर निष्पक्ष कार्रवाई की जाएगी।


अहमदाबाद और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. ahmedabadvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.