ताजा खबर
अडानी अहमदाबाद मैराथन को मिली बड़ी ग्लोबल पहचान, वर्ल्ड एथलेटिक्स कैलेंडर में हुआ शामिल   ||    IIM अहमदाबाद के गोल्ड मेडलिस्ट शुभम गोयल की कहानी, 30 लाख के पैकेज से माइक्रोसॉफ्ट कनाडा में 13 लोगो...   ||    IT रेड पर रकुल प्रीत सिंह ने तोड़ी चुप्पी, बोलीं- 20 साल की उम्र से भर रही हूं टैक्स   ||    ‘भारत में अब पहले जैसी शांति नहीं’, बयान पर घिरे संजय दत्त ने दी सफाई, बोले- मेरा मकसद किसी को ठेस प...   ||    अविनाश मिश्रा बने ‘खतरों के खिलाड़ी 15’ के विनर, रोहित शेट्टी की ट्रॉफी के साथ जीते लाखों और नई कार   ||    ‘रणबाली’ की टिकट कीमतों पर मैथ्री मूवी मेकर्स ने तोड़ी चुप्पी, बोले- नहीं होगी कोई बढ़ोतरी   ||    विद्युत जामवाल बने धलसिम, ‘स्ट्रीट फाइटर’ में दिखेगा योग और एक्शन का जबरदस्त मेल   ||    बंदर और लंगूर में क्या है अंतर? जानें इनकी पहचान, खानपान और सामने आने पर बरतने वाली सावधानियां   ||    90 वर्ष की उम्र में जापानी बॉडीबिल्डर ने जीता 19वां राष्ट्रीय खिताब, शाकाहारी डाइट से सबको चौंकाया   ||    आईसीए ग्लोबल बोर्ड में चुने जाने के बाद अहमदाबाद पहुंचे इफको चेयरमैन दीलीप सांघाणी, जोरदार स्वागत   ||   

दिल्ली में सालभर में पॉल्यूशन से 17000 मौतें, हाई ब्लड प्रेशर और डायबिटीज से भी ज्यादा हुआ जानलेवा

Photo Source :

Posted On:Saturday, November 1, 2025

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण एक बार फिर गंभीर स्वास्थ्य संकट के रूप में सुर्खियों में है. इंस्टीट्यूट फॉर हेल्थ मेट्रिक्स एंड इवैल्यूएशन (IHME) की एक नई रिपोर्ट के अनुसार, वर्ष 2023 में दिल्ली में 17,188 लोगों की मौतें सीधे तौर पर वायु प्रदूषण के कारण हुईं. यह भयावह आँकड़ा दर्शाता है कि दिल्ली में हुई हर सात में से लगभग एक मौत के लिए जहरीली हवा जिम्मेदार थी.

PM2.5 अब तक का सबसे बड़ा 'किलर'

सेंटर फॉर रिसर्च ऑन एनर्जी एंड क्लीन एयर (CREA) के विश्लेषण के मुताबिक, 2023 में दिल्ली में हुई कुल मौतों में से लगभग 15% मौतें सिर्फ और सिर्फ प्रदूषण के कारण हुईं. रिपोर्ट यह बताती है कि हवा में मौजूद महीन प्रदूषक कण, पार्टिकुलेट मैटर (PM2.5), अब भी दिल्ली में मौतों का सबसे बड़ा कारक है. विशेषज्ञों का कहना है कि दिल्ली में PM2.5 का स्तर लगातार विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) द्वारा तय किए गए सुरक्षित मानकों से कई गुना अधिक बना रहता है.

प्रदूषण पारंपरिक जोखिमों से भी ज्यादा खतरनाक

IHME की रिपोर्ट में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि दिल्ली की खराब हवा अब हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज और हाई कोलेस्ट्रॉल जैसे पारंपरिक स्वास्थ्य जोखिमों की तुलना में कहीं ज़्यादा खतरनाक बन चुकी है.

2023 में दिल्ली में अन्य प्रमुख स्वास्थ्य कारणों से हुई मौतें (तुलनात्मक रूप से):

कारण मौतों की संख्या कुल मौतों का प्रतिशत
वायु प्रदूषण (PM2.5) 17,188 ~15%
हाई ब्लड प्रेशर 14,874 12.5%
हाई ब्लड शुगर (डायबिटीज) 10,653 9%
हाई कोलेस्ट्रॉल 7,267 6%
मोटापा (BMI ज़्यादा) 6,698 5.6%

आंकड़ों से स्पष्ट है कि वायु प्रदूषण राजधानी के निवासियों के लिए नंबर वन जानलेवा खतरा बन चुका है.

सार्वजनिक स्वास्थ्य संकट और विशेषज्ञों की चेतावनी

CREA की रिपोर्ट इस बात को रेखांकित करती है कि प्रदूषण अब केवल पर्यावरण का मुद्दा नहीं रहा, बल्कि यह एक सार्वजनिक स्वास्थ्य संकट (Public Health Crisis) का रूप ले चुका है. प्रदूषण के कारण फेफड़ों की बीमारियां, हृदय रोग, स्ट्रोक और बच्चों में अस्थमा के मामलों में तेजी से वृद्धि हुई है. एम्स (AIIMS) के पूर्व डायरेक्टर्स सहित अन्य विशेषज्ञ लगातार चेतावनी दे रहे हैं कि वायु प्रदूषण कोविड-19 से भी अधिक जानलेवा साबित हो सकता है क्योंकि यह दिल, दिमाग और फेफड़ों को धीरे-धीरे खराब कर रहा है.

विशेषज्ञों ने सरकार से विज्ञान-आधारित ठोस नीतियों और सख्त कार्रवाई की मांग की है. इसमें औद्योगिक उत्सर्जन पर नियंत्रण, वाहनों से निकलने वाले धुएं पर सख्ती और शहर में ग्रीन जोन (हरियाली) को बढ़ाने जैसे उपाय शामिल होने चाहिए. रिपोर्ट में साफ चेतावनी दी गई है कि अगर तत्काल कदम नहीं उठाए गए, तो आने वाले वर्षों में दिल्ली में प्रदूषण से होने वाली मौतों का आंकड़ा और भी भयावह हो सकता है.


अहमदाबाद और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. ahmedabadvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.