ताजा खबर
अडानी अहमदाबाद मैराथन को मिली बड़ी ग्लोबल पहचान, वर्ल्ड एथलेटिक्स कैलेंडर में हुआ शामिल   ||    IIM अहमदाबाद के गोल्ड मेडलिस्ट शुभम गोयल की कहानी, 30 लाख के पैकेज से माइक्रोसॉफ्ट कनाडा में 13 लोगो...   ||    IT रेड पर रकुल प्रीत सिंह ने तोड़ी चुप्पी, बोलीं- 20 साल की उम्र से भर रही हूं टैक्स   ||    ‘भारत में अब पहले जैसी शांति नहीं’, बयान पर घिरे संजय दत्त ने दी सफाई, बोले- मेरा मकसद किसी को ठेस प...   ||    अविनाश मिश्रा बने ‘खतरों के खिलाड़ी 15’ के विनर, रोहित शेट्टी की ट्रॉफी के साथ जीते लाखों और नई कार   ||    ‘रणबाली’ की टिकट कीमतों पर मैथ्री मूवी मेकर्स ने तोड़ी चुप्पी, बोले- नहीं होगी कोई बढ़ोतरी   ||    विद्युत जामवाल बने धलसिम, ‘स्ट्रीट फाइटर’ में दिखेगा योग और एक्शन का जबरदस्त मेल   ||    बंदर और लंगूर में क्या है अंतर? जानें इनकी पहचान, खानपान और सामने आने पर बरतने वाली सावधानियां   ||    90 वर्ष की उम्र में जापानी बॉडीबिल्डर ने जीता 19वां राष्ट्रीय खिताब, शाकाहारी डाइट से सबको चौंकाया   ||    आईसीए ग्लोबल बोर्ड में चुने जाने के बाद अहमदाबाद पहुंचे इफको चेयरमैन दीलीप सांघाणी, जोरदार स्वागत   ||   

मायावती ने वक्फ कानून पर राहुल गांधी की कथित चुप्पी पर उठाए सवाल, कहा- मुसलमानों का गुस्सा होना स्वाभाविक

Photo Source :

Posted On:Saturday, April 12, 2025

बसपा सुप्रीमो मायावती ने शनिवार को वक्फ (संशोधन) विधेयक पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी की चुप्पी को लेकर आलोचना की। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने संसद में इस विधेयक पर कोई टिप्पणी नहीं की, जो मुस्लिम समाज में आक्रोश का कारण बन सकता है। मायावती ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह मुद्दा संविधान के उल्लंघन जैसा है, जैसे कि सीएए (नागरिकता संशोधन अधिनियम) पर विपक्ष के आरोपों के बावजूद राहुल गांधी ने चुप्पी साधे रखी।

राहुल गांधी पर निशाना

मायावती ने अपने ट्वीट में कहा, "वक्फ संशोधन बिल पर लोकसभा में लंबी चर्चा के दौरान राहुल गांधी का कुछ नहीं बोलना यह दर्शाता है कि जैसे सीएए के मामले में विपक्ष ने संविधान उल्लंघन के आरोप लगाए थे, वैसे ही वक्फ विधेयक पर चुप्पी साधे रखना क्या उचित है?" उन्होंने यह भी कहा कि इस चुप्पी के कारण मुस्लिम समाज में आक्रोश और इंडिया गठबंधन में बेचैनी स्वाभाविक है।

बीजेपी और कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराया

मायावती ने आगे कहा कि कांग्रेस, बीजेपी और अन्य पार्टियां बहुजनों के अधिकारों को निष्क्रिय बनाए रखने में समान रूप से दोषी हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इन पार्टियों ने बहुजनों के अधिकारों को कमजोर किया है, खासकर सरकारी नौकरी, शिक्षा, और आरक्षण के मामले में। उन्होंने धार्मिक अल्पसंख्यकों को भी इन पार्टियों के छलावे से सावधान रहने की चेतावनी दी।

उत्तर प्रदेश सरकार पर भी हमला

मायावती ने उत्तर प्रदेश सरकार को भी निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार के रवैये के कारण राज्य में बहुजनों की स्थिति हर मामले में बदहाल है। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी कार्यकर्ताओं को कानून हाथ में लेने की छूट मिली हुई है, जबकि बिजली और अन्य सरकारी विभागों में निजीकरण बढ़ने से स्थिति और भी चिंताजनक हो गई है। उन्होंने सरकार से जनकल्याण के लिए संविधानिक दायित्व को सही तरीके से निभाने की अपील की।

केंद्र से पुनर्विचार की अपील

इसके पहले, मायावती ने गुरुवार को केंद्र से नए वक्फ कानून के प्रावधानों पर पुनर्विचार करने की अपील की थी। उन्होंने कहा कि हाल ही में पारित वक्फ (संशोधन) अधिनियम में वक्फ बोर्ड में गैर-मुस्लिमों को शामिल करने का प्रावधान ठीक नहीं लगता। यह विधेयक संसद में बहस के बाद पारित हुआ था और 5 अप्रैल को राष्ट्रपति की सहमति से यह कानून बन गया।

निष्कर्ष

मायावती ने वक्फ संशोधन विधेयक को लेकर राहुल गांधी, कांग्रेस, और बीजेपी दोनों को निशाने पर लिया और इसे बहुजनों और अल्पसंख्यकों के अधिकारों को कमजोर करने के रूप में देखा। उन्होंने केंद्र से इस विधेयक पर पुनर्विचार करने की मांग की और उत्तर प्रदेश सरकार के खिलाफ भी कड़ी प्रतिक्रिया दी।






अहमदाबाद और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. ahmedabadvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.