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NCLT का बड़ा फैसला: 21,000 शेयरों पर मूल शेयरधारकों के अधिकार बहाल, रजिस्टर से हटे तीसरे व्यक्ति का नाम

Photo Source : Google

Posted On:Wednesday, June 17, 2026

अहमदाबाद न्यूज डेस्क: अहमदाबाद स्थित राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (NCLT) ने अंबुजा सीमेंट्स लिमिटेड को अपने रजिस्टर ऑफ मेंबर्स में संशोधन करने का निर्देश दिया है। न्यायाधिकरण ने 21,000 इक्विटी शेयरों के मामले में दो मूल संयुक्त शेयरधारकों के नाम बहाल करने और एक अन्य व्यक्ति का नाम रजिस्टर से हटाने का आदेश दिया। पीठ ने कहा कि संबंधित व्यक्ति के पक्ष में शेयर हस्तांतरण को साबित करने के लिए पर्याप्त साक्ष्य उपलब्ध नहीं हैं।

मामला राजश्री सचिन कुलकर्णी और शैला गजानन कोतवाल के संयुक्त स्वामित्व वाले 21,000 शेयरों से जुड़ा है। वर्ष 2019 में कुछ दस्तावेजों के आधार पर इन शेयरों को राघवरमन रामा चंद्रन के नाम स्थानांतरित कर दिया गया था। हालांकि, दोनों मूल शेयरधारकों ने दावा किया कि उन्होंने कभी शेयर ट्रांसफर नहीं किए और ट्रांसफर फॉर्म पर मौजूद हस्ताक्षर जाली थे।

बाद में जब चंद्रन ने शेयरों के डीमैटेरियलाइजेशन के लिए आवेदन किया, तो जांच के दौरान केवाईसी दस्तावेजों में विसंगतियां सामने आईं। रजिस्ट्रार द्वारा कई बार स्पष्टीकरण मांगे जाने के बावजूद वह न तो सत्यापन प्रक्रिया में शामिल हुए और न ही अपने स्वामित्व के समर्थन में कोई ठोस दस्तावेज पेश कर सके। इसके बाद मूल शेयरधारकों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराते हुए मामले को चुनौती दी।

सुनवाई के दौरान NCLT ने पाया कि मूल शेयरधारकों द्वारा अपने अधिकार त्यागने या शेयर हस्तांतरित करने का कोई विश्वसनीय प्रमाण रिकॉर्ड पर नहीं है। न्यायाधिकरण ने कहा कि बिना पर्याप्त आधार के दर्ज की गई प्रविष्टि को बनाए रखना स्वामित्व अधिकारों को प्रभावित कर सकता है। इसलिए चंद्रन का नाम रजिस्टर से हटाने और राजश्री सचिन कुलकर्णी तथा शैला गजानन कोतवाल के नाम पुनः बहाल करने का आदेश दिया गया।


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