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IIM अहमदाबाद के लिए छोड़ी सरकारी नौकरी, पूर्व SSB अधिकारी बोले- चुकानी पड़ी 74 लाख रुपये की कीमत

Photo Source : Google

Posted On:Saturday, July 18, 2026

अहमदाबाद न्यूज डेस्क: सरकारी नौकरी छोड़ना भारत में आसान फैसला नहीं माना जाता। नौकरी की सुरक्षा, स्थिर आय और सुविधाओं के कारण ज्यादातर लोग इसे जीवनभर का करियर मानते हैं। लेकिन भारत-नेपाल सीमा पर एसएसबी में असिस्टेंट कमांडेंट रहे अमित सोनी ने आईआईएम अहमदाबाद में पढ़ाई के लिए अपनी सरकारी नौकरी छोड़ दी। उनका दावा है कि इस फैसले की उन्हें करीब 74 लाख रुपये की कीमत चुकानी पड़ी।

अमित सोनी ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो शेयर करते हुए लिखा, "सरकारी नौकरी छोड़कर IIM अहमदाबाद जाने का फैसला मुझे 74 लाख रुपये का पड़ा।" उन्होंने बताया कि यह रकम सिर्फ पढ़ाई की फीस नहीं, बल्कि नौकरी छोड़ने से जुड़े कई प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष खर्चों को मिलाकर बनी है।

अमित के मुताबिक, IIM अहमदाबाद के एक वर्षीय PGPX प्रोग्राम की फीस 37.10 लाख रुपये थी। इसके अलावा इंटरनेशनल इमर्शन प्रोग्राम पर 4.5 लाख रुपये, रहने-खाने पर 2.5 लाख रुपये खर्च हुए। सरकारी नौकरी से इस्तीफा देने पर उन्हें 9.80 लाख रुपये का बॉन्ड भी चुकाना पड़ा।

उन्होंने बताया कि सबसे बड़ा नुकसान एक साल की सैलरी और नौकरी से मिलने वाले अन्य लाभ छोड़ने का था, जिसकी कीमत उन्होंने करीब 20 लाख रुपये आंकी। इन सभी खर्चों को जोड़ने पर कुल राशि लगभग 74 लाख रुपये हो गई।

हालांकि, अमित का कहना है कि उन्हें अपने फैसले पर कोई पछतावा नहीं है। उन्होंने लिखा, "मेरे मन में कोई दूसरा विचार नहीं था, कोई बैकअप प्लान भी नहीं था, सिर्फ अपने फैसले पर भरोसा था। क्या यह फैसला सही था? बिल्कुल।"

उन्होंने आगे कहा कि कुछ निवेश पैसों से नहीं, बल्कि इस बात से आंके जाते हैं कि वे आपको किस इंसान में बदलते हैं। उनके अनुसार, यह सफर "यूनिफॉर्म से बोर्डरूम और सेवा से रणनीति" तक का नया अध्याय है।

अमित सोनी की यह कहानी सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा में है। कई लोग इसे अपने सपनों के लिए जोखिम उठाने की प्रेरणा बता रहे हैं, जबकि कुछ लोगों का मानना है कि सरकारी नौकरी छोड़ना हर किसी के लिए सही फैसला नहीं हो सकता।


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