ताजा खबर
प्लास्टिक वेस्ट प्रबंधन में अहमदाबाद मॉडल की हाई कोर्ट ने की सराहना   ||    अहमदाबाद विमान हादसे के बाद बोइंग 787 की सुरक्षा पर उठे सवाल   ||    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हल्दिया बल्क टर्मिनल राष्ट्र को किया समर्पित, पूर्वी तट की लॉजिस्टिक्स ...   ||    गैस संकट का असर: अहमदाबाद के एलडी इंजीनियरिंग कॉलेज मेस में लकड़ी के चूल्हे पर बनने लगा खाना   ||    अहमदाबाद में बुजुर्ग महिला से 47.35 लाख की साइबर ठगी, एनपीसीआई अधिकारी बनकर किया फोन   ||    गोवा ड्रग्स केस में ऑनलाइन सेक्स रैकेट का खुलासा, अहमदाबाद से जुड़े तार   ||    कटिहार के ग्रामीण इलाकों में गैस संकट, कई प्रखंडों में ठप हुई सप्लाई   ||    मेड इन इंडिया बुलेट ट्रेन दौड़ेगी मुंबई-अहमदाबाद रूट पर, 2027 तक शुरू होने की उम्मीद   ||    अहमदाबाद मनपा का कार्यकाल खत्म, 2500 करोड़ के प्रस्ताव पास; IAS मुकेश कुमार बने प्रशासक   ||    अहमदाबाद में T20 वर्ल्ड कप फाइनल का क्रेज: ₹20 हजार का होटल रूम ₹2 लाख तक, फ्लाइट किराया 5 गुना बढ़ा   ||   

दिल्ली ब्लास्ट मामले में तीसरी कार का खुलासा, जांच में बड़ा मोड़

Photo Source :

Posted On:Thursday, November 13, 2025

दिल्ली ब्लास्ट मामले में अब जांच नई दिशा में बढ़ती दिख रही है। लाल किले के पास हुए धमाके के बाद दो कारों—आई20 और लाल रंग की इको स्पोर्ट्स—की तलाश में जुटी सुरक्षा एजेंसियों को अब तीसरी कार की जानकारी मिली है। सूत्रों के अनुसार, जांच में पता चला है कि संदिग्ध आतंकियों ने एक ब्रिजा (Brezza) कार का भी इस्तेमाल किया था। पुलिस ने इस सुराग के आधार पर फरीदाबाद में कई स्थानों पर छापेमारी की और घंटों की मशक्कत के बाद यह कार अल-फलाह यूनिवर्सिटी के परिसर से बरामद कर ली गई है।

जानकारी के अनुसार, ब्रिजा कार को डॉ. उमर और डॉ. मुजम्मिल चला रहे थे, जो इस हमले की साजिश में शामिल बताए जा रहे हैं। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि इस कार के जरिए विस्फोट से पहले और बाद में आतंकी मूवमेंट हुआ था। जांच एजेंसियां अब इस गाड़ी से मिले डिजिटल सबूतों, फिंगरप्रिंट्स और GPS डेटा को खंगाल रही हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि धमाके की योजना कहां और कब बनाई गई थी।

लाल किले के पास आई20 कार में हुए धमाके ने पूरे देश को हिला कर रख दिया था। इस धमाके में अब तक 13 लोगों की मौत हो चुकी है और कई घायल हैं। जांच में यह भी खुलासा हुआ कि विस्फोटक सामग्री को कार के ईंधन टैंक के नीचे छिपाया गया था। पुलिस ने घटना के बाद एनसीआर क्षेत्र में रेड अलर्ट घोषित करते हुए फरीदाबाद, नोएडा और गाजियाबाद में लगातार छापेमारी की। इसी दौरान लाल रंग की इको स्पोर्ट्स कार भी खण्डवाली इलाके से बरामद की गई थी, जिससे जांच एजेंसियों को कई अहम सुराग मिले।

इस बीच, डीएनए रिपोर्ट ने पुष्टि कर दी है कि धमाके में मारा गया आतंकी वास्तव में डॉ. उमर उन नबी ही था। दिल्ली पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि धमाके के बाद कार का स्टीयरिंग और एक्सीलेरेटर उसके पैर में फंसे मिले थे। पुलिस ने उसके परिवार से डीएनए सैंपल लेकर मिलान किया, जिससे उसकी पहचान की पुष्टि हो गई।

दिल्ली पुलिस और एनआईए की टीम अब पूरे नेटवर्क को उजागर करने में जुटी है। बताया जा रहा है कि यह नेटवर्क जैश-ए-मोहम्मद से जुड़ा हुआ है। इस संगठन के खिलाफ 19 अक्टूबर से ही जम्मू-कश्मीर में कार्रवाई चल रही है। कश्मीर के नौगाम इलाके में मिले आपत्तिजनक पोस्टरों के बाद पुलिस ने तीन संदिग्धों — आरिफ निसार, यासिर-उल-अशरफ और मकसूद — को गिरफ्तार किया था। इन सभी से पूछताछ में यह जानकारी मिली कि देश के बड़े शहरों में विस्फोट की योजना बनाई गई थी।

फिलहाल पुलिस और खुफिया एजेंसियां दिल्ली, हरियाणा और जम्मू-कश्मीर में समन्वय के साथ काम कर रही हैं। तीसरी कार की बरामदगी ने इस केस में नया मोड़ ला दिया है। अब जांच इस बात पर केंद्रित है कि क्या तीनों कारों का इस्तेमाल एक ही दिन अलग-अलग जगहों पर धमाका करने के लिए किया जाना था या यह किसी बड़े मॉड्यूल का हिस्सा था। दिल्ली ब्लास्ट केस अब राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसियों के लिए सबसे अहम जांच बन गया है और आने वाले दिनों में इसमें कई और बड़े खुलासे हो सकते हैं।


अहमदाबाद और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. ahmedabadvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.